बौद्ध धर्म में कालचक्र अभिषेक क्या है, जिसका भूटान में PM मोदी ने किया उद्घाटन
डेस्क: 2 दिन के भूटान दौरे (Bhutan Tour) पर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) बुधवार को वैश्विक शांति प्रार्थना (Global Peace Prayer) महोत्सव में शामिल हुए. यहां पर मोदी ने भूटान के राजा जिग्मे खेसर नामग्याल वांगचुक और पूर्व राजा जिग्मे सिंग्ये वांगचुक के साथ कालचक्र सशक्तिकरण समारोह का उद्घाटन किया. भूटान के प्रधानमंत्री ने इसकी तस्वीर शेयर की है.
उद्घाटन के बाद भारत के प्रधानमंत्री ने कहा- वैश्विक शांति प्रार्थना महोत्सव दुनिया भर के बौद्ध धर्मावलंबियों के लिए एक महत्वपूर्ण अनुष्ठान है, जिसका सांस्कृतिक महत्व बहुत अधिक है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि कालचक्र अभिषेक इस महोत्सव का एक हिस्सा है. इस महोत्सव की वजह से बौद्ध धर्म के श्रद्धालु और विद्वान एक साथ भूटान आए हैं.
यह एक अंतरराष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव है. भूटान में 4 नवंबर से 19 नवंबर तक इस साल इसका आयोजन हो रहा है. इस महोत्सव के जरिए सभी बौद्ध परंपराओं (थेरवाद, महायान, वज्रयान आदि) को एक साथ जोड़ा जाता है. बौद्ध धर्म को मानने वाले सभी परंपरा के लोग इस महोत्सव में शामिल होते हैं. इस महोत्सव में बुद्ध के ज्ञान और उनके बचे अवशेषों का जिक्र होता है. बौद्ध धर्म के लोग एक साथ यहां पर वैश्विक शांति के लिए प्रार्थना भी करते हैं. भूटान के नरेश खुद इस पूरे कार्यक्रम की मॉनिटरिंग करते हैं.


राशिफल 03 मई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
जूनागढ़ में बस पलटी, दो की मौत और 15 घायल; बड़ी दुर्घटना से हड़कंप
कपिल सिब्बल का बयान: मतगणना केंद्रों पर राज्य सरकार के कर्मचारी जरूरी
Mamata Banerjee का दावा: बंगाल में फिर बनेगी TMC सरकार
ईरान-यूएस तनाव के बीच फंसा सुपरटैंकर, रणनीतिक हलचल तेज