राजनीतिक संदेश देने के लिए अपनाया अनोखा और प्रतीकात्मक तरीका
न्यूयॉर्क शहर के मेयर जोहरान ममदानी ने गुरुवार को व्हाइट हाउस की यात्रा के दौरान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने ट्रंप को एक नकली अखबार का मुखपृष्ठ भेंट किया, ताकि शहर में बड़े पैमाने पर नए आवास निवेश पर चर्चा की जा सके।यह रणनीति डोनाल्ड ट्रंप को लुभाने के लिए बनाई गई है, जो अपनी मीडिया कवरेज को लेकर काफी चौकन्ने रहते हैं। रिपब्लिकन राष्ट्रपति और डेमोक्रेटिक मेयर के बीच पिछले साल हुई पहली मुलाकात के बाद से सौहार्दपूर्ण संबंध बने हुए हैं।
नकली अखबार में छिपा क्या संदेश?
जोहरान ममदानी की संचार निदेशक अन्ना बहर ने बताया कि मेयर की टीम ने ट्रंप को दिखाने के लिए एक नकली मुखपृष्ठ और सुर्खियां तैयार कीं। जिससे उन्हें पता चले कि नए संघीय आवास निवेश से किस तरह की प्रतिक्रिया हो सकती है। नकली न्यूयॉर्क डेली न्यूज के मुखपृष्ठ पर लिखा है, 'ट्रंप ने शहर से कहा: चलो निर्माण करें।' यह 1975 के उस मशहूर मुखपृष्ठ का एक व्यंग्यात्मक रूप है, जिस पर लिखा था, 'फोर्ड ने शहर से कहा: मर जाओ।' जो जेराल्ड फोर्ड की ओर से शहर को वित्तीय सहायता पर रोक लगाने की कसम का संदर्भ था।न्यूयॉर्क के मेयर ने ट्रंप के साथ अखबारों के पहले पन्नों वाली बैठक की तस्वीर अपने सोशल मीडिया पेज पर पोस्ट की। बहर ने कहा कि ट्रंप, ममदानी के प्रस्ताव को लेकर बेहद उत्साहित थे। इस प्रस्ताव के तहत क्वींस के सनसाइड यार्ड में रेल यार्ड के ऊपर एक डेक बनाने के लिए 21 अरब डॉलर से अधिक के संघीय अनुदान प्राप्त करके 12,000 नए किफायती घर बनाए जा सकेंगे।
निवेश से रोजगार पैदा करने की परियोजना :मेयर कार्यालय
मेयर कार्यालय का अनुमान है कि इस परियोजना से 30,000 नौकरियां पैदा हो सकती हैं और यह पिछले 50 वर्षों में आवास और बुनियादी ढांचे में किया गया सबसे बड़ा निवेश होगा। बहर ने बताया कि जब ट्रंप और ममदानी की आखिरी मुलाकात नवंबर में हुई थी, तब राष्ट्रपति ने ममदानी को न्यूयॉर्क शहर में मिलकर बड़ी-बड़ी चीजें बनाने के विचार के साथ उनके पास वापस आने के लिए प्रोत्साहित किया था।


ईरान पर आज सबसे घातक हमले की तैयारी, जंग के बीच इस्राइल को अमेरिका से मिलेगा बड़ा सैन्य समर्थन
नीतीश के बेटे निशांत कुमार 8 मार्च को JDU ज्वाइन करेंगे, डिप्टी सीएम बनने की चर्चा
कौन हैं बालेन शाह? जिनकी जनसमर्थन की सुनामी में नेपाल के दिग्गज नेता भी पड़े फीके
पूरी तरह दृष्टिबाधित अक्षत बलदवा ने रचा इतिहास, पहले ही प्रयास में क्रैक की यूपीएससी
भारत-जापान के बीच बड़ा समझौता, स्वदेशी रक्षा उत्पादन को बढ़ावा देने पर सहमति